बजाज फाइनेंस सबसे बड़ा लाभार्थी; हिंदुस्तान यूनिलीवर की बाजार कीमत में गिरावट
मुंबई (ए)। बीते सप्ताह घरेलू शेयर बाजार में आई मजबूत तेजी का असर देश की सबसे मूल्यवान कंपनियों पर भी साफ दिखाई दिया। बाजार पूंजीकरण के आधार पर शीर्ष-10 कंपनियों में शामिल 9 कंपनियों की संयुक्त बाजार कीमत में लगभग ₹2.51 लाख करोड़ की वृद्धि दर्ज की गई। कच्चे तेल की कीमतों में नरमी, वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेत और वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही के बेहतर कॉरपोरेट नतीजों ने निवेशकों के भरोसे को मजबूती दी।
बजाज फाइनेंस ने दर्ज की सबसे बड़ी बढ़त
सप्ताहभर की तेजी के दौरान बजाज फाइनेंस सबसे अधिक लाभ कमाने वाली कंपनी रही। कंपनी के बाजार पूंजीकरण में करीब ₹80,345 करोड़ की वृद्धि दर्ज की गई, जिससे वह शीर्ष लाभार्थियों की सूची में सबसे आगे रही। निवेशकों की खरीदारी और मजबूत तिमाही प्रदर्शन ने कंपनी के शेयरों को विशेष समर्थन दिया।
नौ कंपनियों की वैल्यू बढ़ी, एचयूएल पीछे रही
शीर्ष-10 मूल्यवान कंपनियों में शामिल अधिकांश कंपनियों के बाजार पूंजीकरण में उल्लेखनीय वृद्धि हुई, जबकि हिंदुस्तान यूनिलीवर (HUL) एकमात्र ऐसी कंपनी रही, जिसकी बाजार कीमत में गिरावट दर्ज की गई। इसके बावजूद अन्य बड़ी कंपनियों में आई तेजी के कारण कुल बाजार पूंजीकरण में बड़ा इजाफा देखने को मिला।
बाजार पूंजीकरण क्या होता है?
किसी कंपनी का बाजार पूंजीकरण (मार्केट कैपिटलाइजेशन) उसके कुल प्रचलित शेयरों के मौजूदा बाजार मूल्य का योग होता है। इसका निर्धारण कंपनी के जारी शेयरों की कुल संख्या को प्रति शेयर बाजार मूल्य से गुणा करके किया जाता है। उदाहरण के लिए, यदि किसी कंपनी के 1 करोड़ शेयर बाजार में मौजूद हैं और एक शेयर की कीमत ₹20 है, तो उस कंपनी का बाजार पूंजीकरण ₹20 करोड़ होगा।
सकारात्मक संकेतों से निवेशकों का भरोसा मजबूत
विश्लेषकों के अनुसार वैश्विक स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में नरमी, विदेशी निवेशकों की सक्रियता और कई बड़ी कंपनियों के अपेक्षा से बेहतर तिमाही नतीजों ने भारतीय बाजार में सकारात्मक माहौल बनाया। इसी वजह से बीते सप्ताह प्रमुख कंपनियों के शेयरों में मजबूत खरीदारी देखने को मिली और उनका बाजार पूंजीकरण उल्लेखनीय रूप से बढ़ा।