डिजिटल रिकॉर्ड में गेहूं-मक्का, फार्महाउस में उग रही थी अफीम; 14 लाख से अधिक पौधे जब्त, बाजार कीमत करीब 7.88 करोड़
दुर्ग जिले में अवैध अफीम की खेती का बड़ा मामला सामने आया है। पुलिस और प्रशासन की संयुक्त कार्रवाई में करीब पांच एकड़ से अधिक जमीन पर उगाई जा रही अफीम की फसल जब्त की गई है। मामले में भाजपा के पूर्व किसान मोर्चा अध्यक्ष समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि दो आरोपी फरार बताए जा रहे हैं।
दुर्ग-भिलाई। दुर्ग जिले में पुलिस ने अवैध अफीम की खेती के बड़े नेटवर्क का खुलासा करते हुए भाजपा नेता विनायक ताम्रकर समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई ग्राम समोदा और झेनझरी के बीच स्थित एक फार्महाउस में की गई, जहां करीब 5 एकड़ 62 डिसमिल जमीन पर अफीम की खेती की जा रही थी।
प्रशासनिक टीम ने मौके से लगभग 14 लाख 30 हजार अफीम के पौधे जब्त किए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत करीब 7.88 करोड़ रुपए बताई जा रही है। यह मामला जेवरा सिरसा पुलिस चौकी क्षेत्र का है।
कलेक्टर अभिजीत सिंह ने शनिवार को पूरे मामले का खुलासा करते हुए बताया कि इस अवैध खेती के मामले में भाजपा नेता विनायक ताम्रकर (पूर्व किसान मोर्चा अध्यक्ष, दुर्ग), उसके सहयोगी विकास बिश्नोई और फार्महाउस के मुंशी मनीष ठाकुर को गिरफ्तार किया गया है। वहीं आंचला राम और श्रवण बिश्नोई नामक दो आरोपी फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस टीम राजस्थान भेजी गई है।

पुलिस जांच में सामने आया है कि फार्महाउस में अफीम की खेती पिछले कई वर्षों से की जा रही थी। इसके लिए राजस्थान से मजदूर बुलाए गए थे, जो खेतों में काम संभालते थे। आरोपियों ने फार्महाउस की सुरक्षा के लिए बाउंसर भी तैनात कर रखे थे और चारों ओर गेट लगाए गए थे, जिससे बाहरी लोगों का अंदर प्रवेश लगभग असंभव था।
प्रशासनिक जांच में यह भी सामने आया कि सरकारी रिकॉर्ड और डिजिटल सर्वे में इस जमीन पर गेहूं और मक्का की खेती दर्ज दिखाई गई थी। इसी की आड़ में गुप्त रूप से अफीम की खेती की जा रही थी।
जमीन का रिकॉर्ड मुधमति बाला और प्रीति बाला नामक दो महिलाओं के नाम पर दर्ज है। प्रशासन उनके बयान भी दर्ज करेगा और मामले में उनकी भूमिका की जांच की जा रही है। संलिप्तता पाए जाने पर उन्हें भी आरोपी बनाया जा सकता है।

कार्रवाई के दौरान न्यायिक मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में पुलिस टीम ने खेतों में लगे अफीम के पौधों को उखाड़कर जब्त किया। अब इन पौधों को नष्ट करने की प्रक्रिया की तैयारी की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार लगभग 10 हजार वर्गफुट क्षेत्र से करीब 21 किलो तक अफीम तैयार हो सकती है। काले बाजार में इसकी कीमत एक से दो लाख रुपए प्रति किलो तक होती है, जबकि अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी कीमत लगभग पांच लाख रुपए प्रति किलो तक बताई जाती है।