गरज-चमक और बारिश का दौर शुरू, 60 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं
रायपुर। दक्षिण-पश्चिम मानसून के छत्तीसगढ़ पहुंचने का इंतजार अब अंतिम चरण में है। मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि अगले तीन से चार दिनों के भीतर मानसून प्रदेश के कुछ हिस्सों में प्रवेश कर सकता है। इसके साथ ही गुरुवार से पूरे राज्य में मौसम का मिजाज बदलने और आंधी-बारिश की गतिविधियों में तेजी आने की संभावना जताई गई है।
बुधवार शाम राजधानी रायपुर, दुर्ग और बिलासपुर सहित कई शहरों में तेज हवाओं के साथ बारिश हुई। अचानक बदले मौसम ने लोगों को तपिश और उमस से राहत दी। दिनभर की गर्मी के बाद हुई बारिश से वातावरण सुहावना हो गया।
तेज हवाओं के साथ बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में गरज-चमक के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रतिघंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। अगले दो दिनों तक मौसम का यही रुख बने रहने की संभावना है। कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश भी दर्ज की जा सकती है।
तापमान में आएगी गिरावट
मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि बारिश की गतिविधियां बढ़ने के कारण अगले दो दिनों में अधिकतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट दर्ज हो सकती है। हालांकि बीते 24 घंटों के दौरान दक्षिण छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में तापमान में 1 से 2 डिग्री की बढ़ोतरी देखी गई।
राजनांदगांव रहा सबसे गर्म
प्रदेश में बुधवार को सबसे अधिक अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस राजनांदगांव में रिकॉर्ड किया गया। वहीं अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान 21.4 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे कम रहा।
राजधानी में धूलभरी आंधी के आसार
मौसम विभाग ने रायपुर में आंशिक रूप से बादल छाए रहने, गरज-चमक के साथ बारिश और धूलभरी आंधी चलने की संभावना जताई है। राजधानी का अधिकतम तापमान 42 डिग्री तथा न्यूनतम तापमान 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
किसानों और आम लोगों को राहत की उम्मीद
मानसून की संभावित दस्तक से किसानों में उत्साह है। खरीफ फसलों की तैयारी कर रहे किसानों को समय पर बारिश की उम्मीद है, वहीं आम लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिलने की संभावना है।