BJP मुख्यालय में राष्ट्रीय पदाधिकारियों की पहली बैठक; विधानसभा चुनावों की तैयारी, बूथ मजबूत करने और युवाओं को जोड़ने पर फोकस
भाजपा की नई राष्ट्रीय टीम के गठन के बाद पार्टी अध्यक्ष नितिन नवीन ने शनिवार को पदाधिकारियों के साथ पहली बैठक की। दिल्ली स्थित पार्टी मुख्यालय में हुई बैठक में आगामी विधानसभा चुनावों की रणनीति, संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने और युवाओं की भागीदारी बढ़ाने पर मंथन हुआ। बैठक की शुरुआत राष्ट्रगीत वंदे मातरम के सभी छह अंतरे गाकर की गई।
नई दिल्ली (ए)। भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन ने 65 सदस्यीय नई राष्ट्रीय टीम के साथ शनिवार को संगठनात्मक गतिविधियों की शुरुआत की। बैठक में चुनावी राज्यों में पार्टी की तैयारियों के साथ जमीनी स्तर पर संगठन को अधिक सक्रिय बनाने की रणनीति पर चर्चा की गई। सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों को आम लोगों तक पहुंचाने के लिए भी कार्ययोजना पर विचार हुआ।
नवीन ने 17 अगस्त को अध्यक्ष बनने के 209 दिन बाद अपनी नई टीम की घोषणा की थी। 65 सदस्यीय टीम में 51 नए चेहरों को शामिल किया गया है। इसमें 13 राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और आठ राष्ट्रीय महासचिव हैं।
चुनावी राज्यों के नेताओं को भी अहम जगह
अगले साल विधानसभा चुनाव होने वाले चार राज्यों के 18 नेताओं को नई टीम में जिम्मेदारी दी गई है। इनमें उत्तर प्रदेश के आठ, उत्तराखंड के चार, गुजरात के चार और पंजाब के दो नेता शामिल हैं। पार्टी की नजर इन राज्यों में संगठन विस्तार और चुनावी तैयारियों पर रहेगी।
बैठक में राष्ट्रीय टीम की 12 महिला सदस्य भी शामिल हुईं। नवीन ने सभी नए पदाधिकारियों का अभिवादन किया और संगठन की आगामी प्राथमिकताओं पर चर्चा की।
स्मृति ईरानी और राम माधव की वापसी
नई टीम में पूर्व केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी और राम माधव की वापसी हुई है। इसके अलावा वसुंधरा राजे, बैजयंत पांडा और तीरथ सिंह रावत जैसे अनुभवी नेताओं को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
पीयूष गोयल को राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष और बीएल संतोष को संगठन महामंत्री के पद पर बरकरार रखा गया है। पार्टी के आईटी सेल में भी बदलाव किया गया है। अमित मालवीय की जगह दीपक म्हास्के को यह जिम्मेदारी दी गई है।
मुख्यमंत्रियों और प्रदेश अध्यक्षों से भी बैठक
नितिन नवीन शनिवार दोपहर भाजपा शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों, प्रदेश अध्यक्षों और प्रदेश प्रभारियों के साथ भी बैठक करेंगे। इसमें राज्यों के संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय तथा आगामी चुनावों की तैयारियों को लेकर चर्चा होने की संभावना है।