वित्तमंत्री के आगामी पिटारे से निकलने वाली 5 सबसे बड़ी उम्मीदें
नई दिल्ली (ए) : आगामी बजट 2026 को लेकर देशभर में भारी उत्साह और उम्मीदें बनी हुई हैं क्योंकि वित्तमंत्री निर्मला सीतारमण इस बार कई क्रांतिकारी घोषणाएं कर सकती हैं। सरकार का मुख्य फोकस मध्यम वर्ग को टैक्स में राहत देने, किसानों की आय बढ़ाने और रेलवे के बुनियादी ढांचे को पूरी तरह बदलने पर टिका हुआ है। इस बजट में पांच ऐसे प्रमुख क्षेत्र हैं जहाँ बड़े बदलाव की पूरी संभावना नजर आ रही है और ये फैसले सीधे तौर पर देश के करोड़ों नागरिकों की जेब और जीवन स्तर को प्रभावित करेंगे।
इनकम टैक्स में बड़ी छूट और वेतनभोगियों को नई राहत
इनकम टैक्स को लेकर इस बार सबसे बड़ी चर्चा नई टैक्स रिजीम में स्टैंडर्ड डिडक्शन की सीमा को बढ़ाने पर हो रही है। यदि सरकार इसे 75 हजार से बढ़ाकर 1 लाख रुपए कर देती है, तो मध्यम वर्ग के लिए 13 लाख रुपए तक की वार्षिक आय पूरी तरह टैक्स फ्री हो जाएगी। उद्योग संगठनों का तर्क है कि टैक्स में इस छूट से लोगों के हाथ में खर्च करने के लिए अधिक पैसा बचेगा जिससे बाजार में मांग बढ़ेगी और पूरी अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
किसान सम्मान निधि में वृद्धि और ग्रामीण विकास पर जोर
खेती की बढ़ती लागत और महंगाई को देखते हुए केंद्र सरकार पीएम-किसान सम्मान निधि की राशि को 6 हजार से बढ़ाकर 9 हजार रुपए सालाना कर सकती है। बीते कई सालों से इस राशि में कोई बदलाव नहीं हुआ है जबकि खेती के उपकरणों और खाद-बीज के दामों में काफी बढ़ोतरी देखी गई है। सरकार के इस कदम से देश के लगभग 11 करोड़ किसान परिवारों को सीधे तौर पर आर्थिक मजबूती मिलेगी और वे अपनी खेती की छोटी जरूरतों को बिना किसी कर्ज के पूरा कर सकेंगे।
रेलवे का आधुनिकीकरण और वेटिंग लिस्ट खत्म करने का लक्ष्य
भारतीय रेलवे को पूरी तरह बदलने के लिए सरकार 300 से ज्यादा नई अमृत भारत और वंदे भारत ट्रेनें चलाने की घोषणा कर सकती है। सरकार का विजन 2030 तक ट्रेनों में वेटिंग लिस्ट की समस्या को पूरी तरह खत्म करना है ताकि हर यात्री को कन्फर्म टिकट मिल सके। इसके लिए न केवल नई ट्रेनें पटरी पर उतारी जाएंगी बल्कि रेल पटरियों के विस्तार और सुरक्षा कवच जैसे आधुनिक सिस्टम पर भी भारी निवेश किए जाने की उम्मीद है जिससे करोड़ों रेल यात्रियों का सफर सुगम होगा।
सोलर सब्सिडी का विस्तार और मुफ्त बिजली का सपना
पीएम सूर्य घर योजना के तहत अब आम लोगों को सोलर पैनल लगवाने पर 80 हजार रुपए तक की सब्सिडी मिल सकती है जो वर्तमान में 60 हजार रुपए है। सरकार का लक्ष्य 2027 तक करोड़ों घरों को सोलर ग्रिड से जोड़कर उन्हें बिजली के बिल से मुक्ति दिलाना है। सब्सिडी में इस बढ़ोतरी से मध्यम वर्गीय परिवारों के लिए सोलर सिस्टम लगवाना काफी सस्ता हो जाएगा और वे अपनी जरूरत की बिजली पैदा करने के साथ-साथ अतिरिक्त बिजली बेचकर कमाई भी कर सकेंगे।
बुजुर्गों के लिए आयुष्मान भारत योजना का व्यापक दायरा
स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर सरकार एक बड़ा मानवीय फैसला ले सकती है जिसमें आयुष्मान भारत योजना का लाभ अब 60 साल से ऊपर के सभी बुजुर्गों को मिलेगा। वर्तमान में यह लाभ केवल 70 साल से अधिक उम्र वालों को मिल रहा है लेकिन स्वास्थ्य बीमा की कमी को देखते हुए उम्र सीमा घटाना बेहद जरूरी माना जा रहा है। इसके साथ ही इलाज की 5 लाख रुपए की सालाना सीमा को भी बढ़ाया जा सकता है ताकि कैंसर और दिल की बीमारियों जैसे बड़े ऑपरेशनों का खर्च बिना किसी आर्थिक बोझ के उठाया जा सके।