BSP मुख्य गेट पार्किंग और भिलाई-भट्टी क्षेत्र को बनाते थे निशाना; मेकेनिकल डिप्लोमा धारक मास्टरमाइंड सहित 3 गिरफ्तार, 31 लाख की गाड़ियां जब्त
भिलाई-दुर्ग क्षेत्र में लगातार हो रही दोपहिया वाहन चोरी की घटनाओं का पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। संगठित गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 31 चोरी के वाहन बरामद किए गए हैं और मुख्य आरोपी सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। गिरोह बीएसपी मुख्य गेट की पार्किंग और भिलाई-भट्टी इलाके को टारगेट करता था।
भिलाई। भिलाई-दुर्ग में वर्ष 2024 से बढ़ती दोपहिया वाहन चोरी की वारदातों पर आखिरकार पुलिस ने लगाम कस दी है। थाना Bhilai Nagar Police Station की अगुवाई में साइबर सेल और विशेष जांच दल ने संयुक्त कार्रवाई कर राज्यस्तरीय वाहन चोर गिरोह का भंडाफोड़ किया है।
पुलिस के मुताबिक, आरोपियों ने विशेष रूप से Bhilai Steel Plant (BSP) के मुख्य गेट स्थित दोपहिया पार्किंग और भिलाई-भट्टी क्षेत्र को अपना प्रमुख निशाना बनाया हुआ था। लगातार मिल रही शिकायतों और पंजीबद्ध मामलों के विश्लेषण के बाद तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर की सूचना के आधार पर मुख्य आरोपी ई. पापा राव को चिन्हित कर गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी चोरी के वाहनों को कुंकुरी (जिला जशपुर) ले जाकर अपने सहयोगियों के माध्यम से खपाता था। इस काम में मनोज राम और राम सेवक प्रजापति उर्फ रवि सहित अन्य सहयोगी शामिल थे। पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि अन्य संलिप्तों की तलाश जारी है।
जांच में यह भी सामने आया कि मुख्य आरोपी ने भोपाल से मेकेनिकल इंजीनियरिंग में डिप्लोमा किया है और तकनीकी जानकारी का उपयोग कर वाहनों की चोरी को अंजाम देता था। वह विशेष रूप से होंडा शाइन जैसे लोकप्रिय मॉडलों को निशाना बनाता था।
विवेचना के दौरान कुल 31 दोपहिया वाहन, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग 31 लाख रुपए है, बरामद किए गए। इनमें भिलाई-भट्टी क्षेत्र की 13, छावनी थाना क्षेत्र की 3, रायपुर क्षेत्र की 2 गाड़ियां शामिल हैं। तीन ऐसे वाहन भी मिले जिनके दस्तावेज पंजीकृत नहीं पाए गए। प्रकरण में संबंधित अपराध क्रमांकों के तहत धारा 303(2) BNS के अंतर्गत वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस अन्य फरार आरोपियों की पतासाजी में जुटी है।
पुलिस की अपील
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि वाहन सुरक्षित स्थान पर लॉक कर खड़ा करें, पार्किंग में अतिरिक्त सावधानी बरतें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें। वाहन चोरी में लिप्त व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी।