डायमंड ज्वेलरी, सोना-चांदी, नगदी और लग्जरी कार समेत 20 लाख की संपत्ति बरामद
भिलाई-दुर्ग में लगातार हो रही हाईप्रोफाइल चोरियों का खुलासा करते हुए दुर्ग पुलिस ने अन्तर्राज्यीय चोरी गिरोह के मुख्य आरोपी नासिर हुसैन उर्फ आनस खान को दिल्ली से गिरफ्तार किया है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने 15 दिनों तक शाहीन बाग और नोएडा क्षेत्र में गुप्त अभियान चलाया। पुलिस टीम ने जनगणना अधिकारी और स्थानीय बकरा विक्रेता का वेश धारण कर आरोपी के ठिकानों की जानकारी जुटाई। बिहार भागने की फिराक में तेज रफ्तार कार से फरार आरोपी को यमुना एक्सप्रेस-वे पर करीब 300 किलोमीटर पीछा कर गिरफ्तार किया गया। आरोपी से लगभग 20 लाख रुपये मूल्य के जेवरात, नगदी और कार बरामद की गई है।

भिलाई-दुर्ग। भिलाई और दुर्ग शहर में पिछले कुछ समय से लगातार हो रही चोरी की घटनाओं का पर्दाफाश करते हुए दुर्ग पुलिस ने अन्तर्राज्यीय चोरी गिरोह के सक्रिय और कुख्यात सदस्य नासिर हुसैन उर्फ आनस खान को गिरफ्तार किया है। आरोपी दिल्ली और नोएडा के घनी आबादी वाले इलाकों में लगातार ठिकाने बदलकर पुलिस से बचने की कोशिश कर रहा था।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, इससे पहले गिरोह के सदस्य हाशिम खान, मेरठ निवासी ज्वेलरी कारोबारी सलीम खान और बिलासपुर निवासी शाहिल को गिरफ्तार किया जा चुका है। इन आरोपियों से चोरी का सोना और अन्य सामान भी बरामद हुआ था। मुख्य आरोपी नासिर हुसैन की तलाश में दुर्ग पुलिस की टीम लगातार दिल्ली और नोएडा क्षेत्र में सक्रिय थी।
आरोपी की गतिविधियों का पता लगाने के लिए पुलिस ने बेहद गोपनीय रणनीति अपनाई। टीम के जवान स्थानीय लोगों के बीच बकरा विक्रेता बनकर रहे और कई दिनों तक इलाके में संदिग्ध ठिकानों पर नजर रखी। जब इससे भी सटीक जानकारी नहीं मिली तो पुलिसकर्मियों ने जनगणना अधिकारी का रूप धारण कर घर-घर जाकर आरोपी के ठहरने और आवाजाही से जुड़ी सूचनाएं एकत्रित कीं।
इसी दौरान पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी चोरी के जेवर बेचकर खरीदी गई कार से बिहार के दरभंगा भागने की तैयारी में है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम सक्रिय हुई और यमुना एक्सप्रेस-वे पर तेज रफ्तार से भाग रहे आरोपी का पीछा शुरू किया गया। करीब 300 किलोमीटर तक चले पीछा अभियान के बाद पुलिस ने आगरा रोड क्षेत्र में घेराबंदी कर आरोपी को दबोच लिया।
पूछताछ में आरोपी ने वर्ष 2019 से मध्यप्रदेश, चंडीगढ़ और छत्तीसगढ़ के विभिन्न शहरों में करोड़ों रुपये की चोरी की घटनाओं में शामिल होना स्वीकार किया है। आरोपी ने खुलासा किया कि चोरी के पैसों से उसने करीब 10 लाख रुपये में सेकंड हैंड किया सेल्टॉस कार खरीदी थी, जिसका उपयोग वह लगातार फरारी के दौरान कर रहा था।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर डायमंड ब्रेसलेट, सोने-चांदी के आभूषण, चांदी के सिक्के, नगदी रकम, महंगे कपड़े और कार समेत लगभग 20 लाख रुपये की संपत्ति बरामद की है। आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर दुर्ग लाकर न्यायालय में पेश किया गया।
दुर्ग पुलिस की इस कार्रवाई को तकनीकी विश्लेषण, मानवीय सूचना संकलन और जोखिमपूर्ण ऑपरेशन का सफल उदाहरण माना जा रहा है। लगातार बदलते ठिकानों और हाईस्पीड फरारी के बावजूद पुलिस टीम ने पेशेवर तरीके से कार्रवाई कर गिरोह के मुख्य आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की।