नीस में भारतीय समुदाय ने किया गर्मजोशी से स्वागत, G7 शिखर सम्मेलन और स्लोवाकिया दौरा भी कार्यक्रम में शामिल
पेरिस/नई दिल्ली (ए)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने छह दिवसीय यूरोपीय दौरे के तहत फ्रांस पहुंच गए हैं। नीस में भारतीय समुदाय ने उनका भव्य स्वागत किया। दौरे के दौरान प्रधानमंत्री फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे, जिसमें रक्षा, प्रौद्योगिकी, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, सेमीकंडक्टर और अंतरिक्ष सहयोग समेत कई महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा होने की संभावना है। इसी यात्रा के दौरान मोदी G7 शिखर सम्मेलन में भाग लेने के साथ स्लोवाकिया का भी ऐतिहासिक दौरा करेंगे।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार रात फ्रांस के नीस शहर पहुंचे, जहां भारतीय समुदाय ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। होटल पहुंचने पर प्रवासी भारतीयों ने पारंपरिक अंदाज में उनका अभिनंदन किया। इस दौरान प्रधानमंत्री ने एक बच्चे को गोद में उठाकर स्नेह जताया और सांस्कृतिक कार्यक्रम का भी आनंद लिया।
प्रधानमंत्री मोदी रविवार को फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के साथ द्विपक्षीय बैठक करेंगे। दोनों नेताओं के बीच रक्षा, प्रौद्योगिकी, नवाचार, स्वास्थ्य क्षेत्र, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), सेमीकंडक्टर और अंतरिक्ष तकनीक सहित कई रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा होगी। साथ ही ‘भारत इनोवेट्स’ कार्यक्रम का उद्घाटन भी किया जाएगा।
रक्षा और तकनीक सहयोग पर रहेगा फोकस
भारत और फ्रांस के बीच तकनीकी एवं औद्योगिक सहयोग को नई गति देने के लिए करीब एक दर्जन समझौतों पर सहमति बनने की संभावना है। विशेष रूप से 114 राफेल लड़ाकू विमानों की प्रस्तावित खरीद और उनसे जुड़ी तकनीकी हस्तांतरण प्रक्रिया पर चर्चा अहम मानी जा रही है। भारत की ओर से विमानों में स्वदेशी हथियार प्रणालियों के एकीकरण और सोर्स कोड तक पहुंच का मुद्दा भी उठाया जा सकता है।
G7 सम्मेलन में वैश्विक मुद्दों पर होगी चर्चा
प्रधानमंत्री मोदी 16 और 17 जून को फ्रांस के एवियान शहर में आयोजित G7 शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। सम्मेलन में वैश्विक अर्थव्यवस्था, ऊर्जा सुरक्षा, कृत्रिम बुद्धिमत्ता, जलवायु परिवर्तन और भू-राजनीतिक चुनौतियों जैसे मुद्दों पर चर्चा होगी। इसी दौरान उनकी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से भी द्विपक्षीय मुलाकात प्रस्तावित है। दोनों नेताओं की यह मुलाकात करीब 16 महीने बाद होगी।
स्लोवाकिया का ऐतिहासिक दौरा भी करेंगे मोदी
फ्रांस दौरे के बीच प्रधानमंत्री 14 जून की शाम स्लोवाकिया रवाना होंगे और वहां राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रीनी तथा प्रधानमंत्री रोबर्ट फिको से मुलाकात करेंगे। वर्ष 1993 में स्वतंत्र राष्ट्र बनने के बाद स्लोवाकिया का दौरा करने वाले नरेंद्र मोदी पहले भारतीय प्रधानमंत्री होंगे। इस यात्रा को दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
होर्मुज सुरक्षा व्यवस्था पर बन सकती है सहमति
यूरोप दौरे के दौरान पश्चिम एशिया की बदलती परिस्थितियों और होर्मुज जलडमरूमध्य में समुद्री सुरक्षा को लेकर भी महत्वपूर्ण चर्चा हो सकती है। भारत बहुपक्षीय और संयुक्त राष्ट्र समर्थित सुरक्षा व्यवस्था का पक्षधर रहा है। ऐसे में फ्रांस और ब्रिटेन की पहल वाले संभावित समुद्री सुरक्षा गठबंधन पर भारत का रुख स्पष्ट हो सकता है।
क्या है G7 समूह
G7 दुनिया की सात प्रमुख विकसित अर्थव्यवस्थाओं का समूह है, जिसमें अमेरिका, फ्रांस, ब्रिटेन, जर्मनी, इटली, जापान और कनाडा शामिल हैं। वैश्विक आर्थिक और रणनीतिक नीतियों पर समन्वय के उद्देश्य से गठित यह समूह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। भारत भले ही इसका सदस्य नहीं है, लेकिन वैश्विक प्रभाव और आर्थिक महत्व के कारण उसे नियमित रूप से विशेष आमंत्रित देश के रूप में सम्मेलन में बुलाया जाता है।