राजधानी के कई इलाकों में जलभराव, सूरजपुर में पुल टूटने से बच्चों को कंधों पर नदी पार कराना पड़ा, सक्ती में कीचड़ भरे रास्ते से निकली शवयात्रा; मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट।
रायपुर। बंगाल की खाड़ी में सक्रिय निम्न दबाव क्षेत्र का असर अब पूरे छत्तीसगढ़ में दिखाई देने लगा है। शनिवार को राजधानी रायपुर में दोपहर बाद मौसम ने अचानक करवट ली और तेज बारिश के साथ आसमान में घने बादल छा गए। करीब आधे घंटे की वर्षा के बाद शहर के कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई, जिससे यातायात भी प्रभावित हुआ।
बारिश के कारण मंडी गेट, भाजपा कार्यालय के आसपास का क्षेत्र और रोहिणीपुरम कॉलोनी सहित कई स्थानों पर सड़कों पर पानी भर गया। लोगों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ा।
सूरजपुर में पुल टूटने से नदी पार कर स्कूल पहुंचे बच्चे
सूरजपुर जिले के खड़गवा-गुडरूडांड गांव में लगातार बारिश के चलते एक पुल क्षतिग्रस्त हो गया। इसके बाद स्कूल जाने वाले बच्चों को उफनती नदी पार कराने के लिए परिजनों को उन्हें पीठ पर बैठाकर सुरक्षित दूसरी ओर पहुंचाना पड़ा। घटना का वीडियो भी सामने आया है, जिसने ग्रामीण क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाओं की स्थिति पर सवाल खड़े किए हैं।
सक्ती में कीचड़ भरे रास्ते से निकली शवयात्रा
सक्ती जिले के सोंठी गांव में सड़क सुविधा के अभाव के कारण एक शवयात्रा को करीब एक किलोमीटर तक कीचड़ से भरे रास्ते से गुजरना पड़ा। ग्रामीणों ने कठिन परिस्थितियों में अंतिम यात्रा पूरी की। बारिश के बीच सामने आई यह तस्वीर गांवों में अधोसंरचना की चुनौतियों को उजागर करती है।
तीन दिन भारी बारिश की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में अगले तीन दिनों तक कई जिलों में मध्यम से भारी बारिश होने की संभावना है। विभाग ने निचले इलाकों में जलभराव, नदी-नालों के जलस्तर में वृद्धि और आवश्यक सावधानी बरतने की सलाह दी है। प्रशासन भी संभावित स्थिति को देखते हुए सतर्कता बनाए हुए है।