देशभर के 7 राज्यों में एक साथ छापेमारी, अब तक 3002 करोड़ रुपए की संपत्ति जब्त; सट्टे की कमाई से किया जा रहा था शेयर मार्केट में निवेश
देशभर में फैले महादेव ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क पर प्रवर्तन निदेशालय ने एक और बड़ी कार्रवाई की है। ED ने 7 राज्यों में छापेमारी कर 3.29 करोड़ नकद और 573 करोड़ रुपए के बॉन्ड और डीमैट खाते फ्रीज कर दिए हैं। यह सट्टा नेटवर्क फर्जी कंपनियों के जरिए अवैध कमाई को सफेद करने का काम कर रहा था। अब तक इस मामले में कुल 3002 करोड़ रुपए की संपत्ति जब्त की जा चुकी है।
रायपुर। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए एक साथ दिल्ली, मुंबई, इंदौर, अहमदाबाद, चंडीगढ़, चेन्नई और संबलपुर (ओडिशा) में छापेमारी की। इस दौरान 3.29 करोड़ रुपए नकद जब्त किए गए और 573 करोड़ से ज्यादा की संपत्तियां—बॉन्ड्स, डीमैट खाते आदि—फ्रीज किए गए।
जांच में सामने आया कि यह ऐप एक अवैध सट्टेबाजी सिंडिकेट के रूप में कार्य करता था, जो लोगों को ऑनलाइन सट्टा लगाने के लिए मंच प्रदान करता था। इस प्लेटफॉर्म से कमाई गई मोटी रकम को फर्जी कंपनियों और बेनामी खातों में छिपाकर भारत से बाहर भेजा जाता था।
विदेशों—खासतौर पर मॉरीशस और दुबई में स्थित एफपीआई (फॉरेन पोर्टफोलियो इन्वेस्टर्स) के नाम पर यह धन फिर से भारत लाकर शेयर बाजार में निवेश किया जाता था। इसका मकसद था स्मॉल और मीडियम कंपनियों के शेयर में उतार-चढ़ाव लाकर मुनाफा कमाना और आम निवेशकों को गुमराह करना। इस पूरे रैकेट में कुछ शेयर ब्रोकर, दलाल और एजेंट भी शामिल थे जो शेयर की कीमतें कृत्रिम रूप से नियंत्रित कर रहे थे। ED ने छापों के दौरान कई डिजिटल दस्तावेज और साक्ष्य जब्त किए हैं, जिनमें मुख्य आरोपियों और कंपनियों के प्रमोटर्स की भूमिका उजागर हुई है।
अब तक इस केस में ED ने
- 170 से अधिक ठिकानों पर छापे मारे,
- 13 लोगों को गिरफ्तार किया,
- और 74 कंपनियों/संस्थाओं को आरोपी बनाया है।