सीएम विष्णुदेव साय ने दिल्ली में पीएम, गृहमंत्री समेत कई केंद्रीय मंत्रियों से मुलाकात कर विकास, नक्सल और खेल योजनाओं पर मांगी केंद्रीय मदद
दिल्ली प्रवास पर गए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छत्तीसगढ़ को केंद्र सरकार से नई सौगातें दिलाने की दिशा में बड़ी पहल की है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से लेकर केंद्रीय मंत्री अमित शाह, नितिन गडकरी, मनसुख मांडविया और सीआर पाटिल से मुलाकात कर उन्होंने विकास कार्यों, नक्सल समस्या और खेल आयोजन से जुड़ी मांगें रखीं। नतीजा—छत्तीसगढ़ को 7 हजार करोड़ की विकास परियोजनाएं मिलने की संभावना है, वहीं बस्तर ओलंपिक को राष्ट्रीय पहचान भी मिली है।
रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राजधानी दिल्ली में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई केंद्रीय मंत्रियों से मुलाकात कर छत्तीसगढ़ के लिए विकास का खाका प्रस्तुत किया। उन्होंने पीएम को प्रदेश में चल रही योजनाओं की जानकारी दी और राज्य के विकास मॉडल से अवगत कराया। इसके साथ ही अमृत रजत महोत्सव में आमंत्रण देकर केंद्र के सहयोग की अपेक्षा जताई।
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह से हुई मुलाकात में सीएम साय ने प्रदेश के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में चल रहे सुरक्षा अभियानों की रिपोर्ट सौंपी। उन्होंने राज्य की जमीनी स्थिति से अवगत कराते हुए केंद्रीय सहयोग की अपेक्षा जताई। गृहमंत्री ने प्रदेश में शांति स्थापना के लिए केंद्र की ओर से हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया। सीएम साय की केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से विशेष मुलाकात भी सार्थक रही। इस मुलाकात में छत्तीसगढ़ को सड़क और पुल निर्माण के लिए 7 हजार करोड़ रुपये की परियोजनाओं का आश्वासन मिला। इन परियोजनाओं से प्रदेश के इन्फ्रास्ट्रक्चर को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
खेलो इंडिया ट्रायबल्स में शामिल होगा बस्तर ओलंपिक
दिल्ली प्रवास के दौरान केंद्रीय युवा कार्य एवं खेल मंत्री मनसुख मांडविया से चर्चा के दौरान सीएम साय ने बस्तर ओलंपिक को राष्ट्रीय पहचान दिलाने का प्रस्ताव रखा। मंत्री मांडविया ने इसे खेलो इंडिया ट्रायबल्स के अंतर्गत शामिल करने की सहमति दी और नवंबर में आयोजन का भरोसा जताया। इससे न सिर्फ आदिवासी खेलों को नई पहचान मिलेगी, बल्कि छत्तीसगढ़ की संस्कृति भी राष्ट्रीय मंच पर उभरेगी।
25 वर्षों का अमृत रजत महोत्सव: केंद्र को न्योता
प्रदेश के गठन को 25 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में राज्य सरकार अमृत रजत महोत्सव मना रही है। यह महोत्सव 15 अगस्त 2025 से 31 मार्च 2026 तक 25 हफ्तों तक चलेगा। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री, गृहमंत्री समेत सभी केंद्रीय नेताओं को इस भव्य आयोजन में शामिल होने का निमंत्रण दिया है। केंद्र ने इस आयोजन में सक्रिय भागीदारी का आश्वासन भी दिया है।