परिजनों पर प्रताड़ना और मानसिक रूप से परेशान करने का आरोप और युवक ने कहा गन रखने की झूठी बात फैलाते थे रिश्तेदार
दुर्ग-भिलाई ( ए)। दुर्ग के धमधा नाका ओवरब्रिज पर मंगलवार की शाम एक युवक ने अपनी जीवन लीला समाप्त करने के इरादे से करीब 20 फीट नीचे रेलवे पटरी पर छलांग लगा दी। आत्महत्या की कोशिश करने वाला यह युवक भिलाई नगर निगम का सफाई कर्मचारी भानुप्रताप देशमुख बताया जा रहा है। गनीमत रही कि इतनी ऊंचाई से गिरने के बाद भी उसकी जान बच गई, हालांकि हादसे में उसका पैर बुरी तरह टूट गया है। स्थानीय लोगों की मदद से घायल युवक को जिला अस्पताल पहुंचाया गया है, जहाँ उसका इलाज जारी है।
आत्महत्या के पीछे पारिवारिक विवाद का आरोप
अस्पताल में भर्ती भानुप्रताप ने रोते हुए अपनी आपबीती सुनाई। उसने आरोप लगाया कि उसके घर वाले उसे अक्सर ‘मेंटल’ (मानसिक रूप से विक्षिप्त) कहकर चिढ़ाते थे और जान से मारने की धमकी देते थे। युवक के मुताबिक, उसके मामा के लड़के उस पर गन रखने का झूठा आरोप लगाते थे, जबकि उसके पास केवल चिड़िया भगाने वाला यंत्र था। इसी मानसिक दबाव और आपसी विवाद से परेशान होकर उसने मौत को गले लगाने का फैसला किया।
पत्नी ने आरोपों को नकारा
दूसरी तरफ, युवक की पत्नी का कहना है कि घर में किसी तरह का कोई बड़ा विवाद नहीं था। पत्नी के मुताबिक, भानुप्रताप अचानक घर से निकल गए थे और बाद में इस घटना की जानकारी मिली। हालांकि, यह बात भी सामने आई है कि घटना के काफी देर बाद तक भी पत्नी अपने घायल पति को देखने अस्पताल नहीं पहुंची थी, जिससे मामला संदिग्ध लग रहा है।
पुलिस कर रही है मामले की जांच
यह पूरा मामला जीआरपी दुर्ग के अधिकार क्षेत्र का है। पुलिस ने मामले की जानकारी मिलते ही जांच शुरू कर दी है। युवक की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है, लेकिन इतनी ऊंचाई से रेलवे ट्रैक पर कूदना उसके लिए घातक हो सकता था। पुलिस अब युवक और उसके परिजनों के बयानों के आधार पर विवाद की असली वजह तलाशने में जुटी है।