17 साल बाद भारत को मिली मेजबानी; पीवी सिंधु छठे विश्व पदक की दौड़ में, सात्विक-चिराग से भी पदक की उम्मीद
नई दिल्ली (ए)। बैडमिंटन जगत का सबसे प्रतिष्ठित टूर्नामेंट बैडमिंटन विश्व चैंपियनशिप सोमवार से राजधानी नई दिल्ली में शुरू हो रहा है। 23 अगस्त तक चलने वाली इस प्रतियोगिता में दुनिया के शीर्ष खिलाड़ी खिताब के लिए चुनौती पेश करेंगे। भारत 17 वर्षों के अंतराल के बाद इस प्रतिष्ठित आयोजन की मेजबानी कर रहा है। सभी मुकाबले इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में खेले जाएंगे।
भारतीय बैडमिंटन प्रेमियों की नजरें स्टार शटलर पीवी सिंधु पर टिकी होंगी, जिनके पास विश्व चैंपियनशिप में अपना छठा पदक जीतने का अवसर है। वहीं पुरुष युगल की चर्चित जोड़ी सात्विकसाईराज रंकीरेड्डी और चिराग शेट्टी लगातार दूसरी बार विश्व मंच पर पदक हासिल करने के लक्ष्य के साथ कोर्ट पर उतरेंगे।
बैडमिंटन का सबसे बड़ा विश्व टूर्नामेंट
बैडमिंटन विश्व चैंपियनशिप को खेल का सबसे प्रतिष्ठित टूर्नामेंट माना जाता है। इसका आयोजन बैडमिंटन वर्ल्ड फेडरेशन (BWF) द्वारा किया जाता है। इस प्रतियोगिता में विजेता खिलाड़ी या जोड़ी को अपने वर्ग का विश्व चैंपियन घोषित किया जाता है।
ओलंपिक वर्ष को छोड़कर यह टूर्नामेंट नियमित रूप से आयोजित किया जाता है और विश्व बैडमिंटन कैलेंडर का सबसे महत्वपूर्ण आयोजन माना जाता है।
30वें संस्करण की मेजबानी कर रहा भारत
नई दिल्ली में आयोजित हो रही यह प्रतियोगिता विश्व चैंपियनशिप का 30वां संस्करण है। इससे पहले 2025 में इसका आयोजन फ्रांस की राजधानी पेरिस में हुआ था। भारत ने इससे पहले 2009 में इस टूर्नामेंट की मेजबानी की थी। अब 17 साल बाद देश को फिर से यह जिम्मेदारी मिली है।
विश्व चैंपियनशिप के इतिहास में डेनमार्क सबसे सफल मेजबान देशों में शामिल है, जिसने पांच बार इस आयोजन की मेजबानी की है। इसके अलावा चीन, स्पेन, इंग्लैंड और इंडोनेशिया तीन-तीन बार टूर्नामेंट की मेजबानी कर चुके हैं।
भारतीय खिलाड़ियों पर रहेंगी निगाहें
टूर्नामेंट में भारतीय चुनौती की अगुवाई पीवी सिंधु करेंगी, जिन्होंने विश्व चैंपियनशिप में अब तक कई पदक जीतकर देश का गौरव बढ़ाया है। यदि वह इस बार भी पदक जीतने में सफल रहती हैं तो यह उनके करियर का छठा विश्व पदक होगा।
पुरुष युगल में सात्विक-चिराग की जोड़ी से भी बड़ी उम्मीदें हैं। दोनों खिलाड़ी पिछले कुछ वर्षों में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन कर चुके हैं और घरेलू दर्शकों के बीच पदक जीतने के प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं।
एक सप्ताह तक चलेगा रोमांच
विश्व चैंपियनशिप के मुकाबले अगले सात दिनों तक चलेंगे। दुनिया भर के शीर्ष खिलाड़ी खिताब के लिए अपनी दावेदारी पेश करेंगे। घरेलू परिस्थितियों का लाभ उठाकर भारतीय खिलाड़ी भी इतिहास रचने के इरादे से कोर्ट पर उतरेंगे।