पाम बेलाजिओ और बैरन बाजार समेत 6 ठिकानों पर छापेमारी, गोपनीय सूचना लीक होने के आरोप में कॉन्स्टेबल लाइन अटैच; दूसरे राज्य में छिपे होने की आशंक
रायपुर। कांग्रेस नेता आनंद कुकरेजा से 25 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने के मामले में आरोपी शोएब ढेबर की मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही हैं। अदालत से दोबारा गिरफ्तारी की अनुमति मिलने के बाद रायपुर पुलिस ने उसके संभावित ठिकानों पर एक साथ दबिश दी, लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही वह फरार हो गया। पाम बेलाजिओ से लेकर बैरन बाजार स्थित पारिवारिक आवास तक करीब 6 स्थानों पर तलाशी ली गई। इधर, पुलिस कार्रवाई की गोपनीय जानकारी लीक होने के संदेह में एक कॉन्स्टेबल को लाइन अटैच किए जाने की जानकारी सामने आई है।
रंगदारी और धमकी के गंभीर मामले में रायपुर पुलिस ने आरोपी शोएब ढेबर की तलाश तेज कर दी है। बुधवार को पुलिस की अलग-अलग टीमों ने उसके संभावित ठिकानों पर छापेमारी की। इसमें पाम बेलाजिओ स्थित आवास और बैरन बाजार का पारिवारिक निवास भी शामिल था। हालांकि, पुलिस की कार्रवाई शुरू होने से पहले ही शोएब वहां से निकल चुका था। पुलिस को आशंका है कि वह दूसरे राज्य में जा सकता है। इसी आधार पर संभावित ठिकानों और उसके संपर्कों की जानकारी जुटाई जा रही है।
पुलिस की इस कार्रवाई के बीच विभागीय स्तर पर गोपनीय सूचना बाहर जाने का मामला भी सामने आया है। जानकारी के मुताबिक, एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट में पदस्थ कॉन्स्टेबल शिवम द्विवेदी को डीसीपी क्राइम ने लाइन अटैच किया है। आरोप है कि दबिश से संबंधित गोपनीय जानकारी लीक होने में उनकी लापरवाही रही। हालांकि, इस कार्रवाई की पुलिस अधिकारियों की ओर से आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
पुलिस को संदेह है कि छापेमारी की सूचना पहले ही शोएब तक पहुंच गई थी, जिसके बाद उसने अपने ठिकाने बदल लिए। अब यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि पुलिस की गोपनीय कार्रवाई की जानकारी विभाग के भीतर से किस स्तर पर बाहर पहुंची और आरोपी को इसकी भनक कैसे लगी।
अदालत से दोबारा गिरफ्तारी की अनुमति मिलने के बाद पुलिस ने उसकी तलाश के लिए अभियान तेज किया है। इससे पहले कारोबारी अनवर ढेबर के बेटे शोएब को आनंद कुकरेजा को धमकी देने के मामले में गिरफ्तार किया गया था, लेकिन बाद में उसे छोड़ना पड़ा था। अब कानूनी अनुमति मिलने के बाद पुलिस दोबारा उसकी गिरफ्तारी के प्रयास में जुटी है।
पुलिस के अनुसार, 14 सितंबर को आनंद कुकरेजा को विदेशी नंबर से वॉट्सऐप पर धमकी भरा संदेश भेजा गया था। इसमें 25 करोड़ रुपए की मांग की गई थी। रकम नहीं देने पर कुकरेजा और उनके परिवार को नुकसान पहुंचाने की धमकी दिए जाने का आरोप है। जांच के दौरान शोएब की भूमिका सामने आने के बाद उसके खिलाफ कार्रवाई की गई थी।
इसी बीच पुलिस पूर्व महापौर एजाज ढेबर से 50 करोड़ रुपए की कथित रंगदारी मांगने के मामले की भी जांच कर रही है। इस प्रकरण में बिश्नोई गैंग और अमन साव गैंग के नाम से धमकी दिए जाने की बात सामने आई थी। एजाज ढेबर ने कोतवाली थाने में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। पुलिस अब दोनों मामलों के बीच संभावित संबंधों की पड़ताल कर रही है।