9 जिलों में यलो अलर्ट, 3 और 4 नवंबर को बस्तर संभाग में भारी बारिश की चेतावनी; 50 किमी की रफ्तार से चल सकती हैं हवाएं
रायपुर। चक्रवाती तूफान अर्नब के बाद अब मुरासु चक्रवात के प्रभाव से छत्तीसगढ़ में मौसम का मिजाज फिर बदलने की संभावना है। मौसम विभाग ने 2 से 4 नवंबर तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चलने का पूर्वानुमान जारी किया है। सोमवार को कांकेर और धमतरी समेत नौ जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, 3 और 4 नवंबर को बस्तर संभाग के कई जिलों में भारी बारिश की आशंका जताई गई है।
मौसम में बदलाव के दौरान कुछ स्थानों पर बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। इसके चलते लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। बारिश के कारण सामान्य जनजीवन और आवागमन प्रभावित होने की आशंका भी है।
बस्तर संभाग में ज्यादा असर की संभावना
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, 3 और 4 नवंबर को बस्तर संभाग के कई जिलों में बारिश की गतिविधियां तेज हो सकती हैं। कुछ स्थानों पर भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की गई है। प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी बादल छाने और हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है।
रायपुर में बादल, बारिश के आसार
राजधानी रायपुर में सोमवार को आसमान में बादल छाए रहने का अनुमान है। कुछ क्षेत्रों में बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवा चल सकती है। मौसम विभाग के अनुसार, शहर में अधिकतम तापमान करीब 30 डिग्री और न्यूनतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है।
मौसम में संभावित बदलाव को देखते हुए लोगों को आकाशीय बिजली के दौरान खुले स्थानों से दूर रहने और तेज हवाओं के समय पेड़ों तथा कमजोर ढांचों के आसपास खड़े होने से बचने की सलाह दी जाती है।