अवैध पार्किंग, ट्रैफिक अव्यवस्था और महिला सुरक्षा को लेकर बनाई सख्त कार्य योजना, जनता की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई का भरोसा
दुर्ग जिले के नए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल ने अपराध नियंत्रण और कानून व्यवस्था को लेकर स्पष्ट रणनीति के संकेत दिए हैं। उनका कहना है कि पुलिस की पहली प्राथमिकता जिले को नशामुक्त बनाना है। इसके साथ ही ट्रैफिक सिस्टम सुधार, महिला सुरक्षा और अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण की दिशा में योजनाबद्ध ढंग से काम किया जा रहा है।
दुर्ग। जिले में कानून व्यवस्था को सशक्त और प्रभावी बनाने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल ने कई महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। उनका कहना है कि पुलिस की जिम्मेदारी जनता के प्रति है और इसी उद्देश्य से प्रत्येक पुलिसकर्मी को जनहित में निष्ठा से कार्य करना होगा।
नशे के विरुद्ध अभियान को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए उन्होंने कहा कि नशे के अड्डों पर लगातार छापेमारी की जाएगी। नशाखोरी में लिप्त युवाओं को सुधारने के लिए रिहैब सेंटर भेजा जा रहा है। साथ ही नशे की तस्करी में शामिल मुख्य आरोपियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जा रही है।
ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारने के लिए जिला प्रशासन के सहयोग से संयुक्त कार्य योजना तैयार की जा रही है। उन्होंने बताया कि शहर में अवैध पार्किंग और अतिक्रमण की वजह से ट्रैफिक व्यवस्था चरमरा रही है। मॉल, विवाह स्थल और व्यवसायिक प्रतिष्ठानों द्वारा सड़कों पर कब्जा करने के मामलों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि जनता की हर शिकायत को गंभीरता से सुना जाए और उसका समाधान किया जाए। SSP ने यह भी कहा कि पुलिस के वेतन का स्रोत जनता है, इसलिए पुलिस को पूरी निष्ठा के साथ जनता की सेवा करनी चाहिए। महिला सुरक्षा को लेकर उन्होंने बताया कि जिले के सभी थानों में महिला स्टाफ की तैनाती की जा रही है ताकि महिलाएं निःसंकोच अपनी शिकायत दर्ज करा सकें। इसके अलावा सट्टा और जुए जैसे गैरकानूनी गतिविधियों पर भी कार्रवाई की जाएगी। विशेषकर महादेव सट्टा से जुड़ी सूचनाएं एकत्र कर प्रमाणों के आधार पर कठोर कदम उठाए जाएंगे।