वाहन जब्त, आरोपी के खिलाफ बीएनएस और मोटर व्हीकल एक्ट में केस दर्ज
दुर्ग जिले में कानून व्यवस्था को मजबूत करने के लिए सुपेला पुलिस ने गुरुवार को दो अहम कार्रवाइयों को अंजाम दिया। एक ओर फर्जी तरीके से खुद को पुलिस बताकर सड़क पर रौब झाड़ रहे थार चालक को गिरफ्तार किया गया, वहीं दूसरी ओर लंबे समय से फरार छह स्थायी वारंटियों को भी पकड़कर न्यायालय में पेश किया गया।
दुर्ग-भिलाई। दुर्ग-भिलाई क्षेत्र में पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए एक ऐसे युवक को गिरफ्तार किया है, जो अपनी ब्लैक थार गाड़ी पर अवैध रूप से ‘पुलिस’ का मोनो और बोर्ड लगाकर सड़कों पर दबदबा बनाने की कोशिश कर रहा था। आरोपी तेज रफ्तार और लापरवाही से वाहन चलाकर आम लोगों की जान जोखिम में डाल रहा था।

मामला स्मृति नगर चौकी क्षेत्र के जुनवानी चौक का है, जहां पुलिस को सूचना मिली थी कि एक थार चालक खतरनाक तरीके से गाड़ी चलाते हुए लोगों में डर का माहौल बना रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और वाहन को रोक लिया।
जांच के दौरान वाहन पर लगे ‘पुलिस’ मोनो और बोर्ड अवैध पाए गए। पुलिस ने आरोपी समीर वर्मा (23), निवासी आर्य नगर कोहका, को गिरफ्तार कर लिया। उसके खिलाफ अपराध क्रमांक 555/2026 के तहत धारा 281 बीएनएस और मोटर व्हीकल एक्ट की धारा 184 के तहत मामला दर्ज किया गया है।
पुलिस ने घटना में प्रयुक्त ब्लैक थार (CG 07 CP 8800) को जब्त कर लिया है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया कि आरोपी अवैध रूप से पुलिस पहचान का इस्तेमाल कर लोगों पर प्रभाव जमाना चाहता था। पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इस तरह की हरकतें न केवल गैरकानूनी हैं, बल्कि आम नागरिकों की सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा हैं।
इसी दौरान सुपेला पुलिस ने एक और बड़ी कार्रवाई करते हुए लंबे समय से फरार छह स्थायी वारंटियों को भी गिरफ्तार किया। यह कार्रवाई वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत की गई। मुखबिर सूचना और सतत निगरानी के आधार पर सभी आरोपियों को सुपेला क्षेत्र के अलग-अलग स्थानों से पकड़ा गया।
सभी गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि ऐसे विशेष अभियान आगे भी लगातार जारी रहेंगे।