ग्राहक का इंतजार करते कार सहित दबोचा गया आरोपी, ₹8.05 लाख की नशीली दवाएं, नकदी और वाहन जब्त; सप्लाई नेटवर्क की जांच शुरू
नशीली दवाओं की अवैध तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत कुम्हारी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को 1000 अल्प्राजोलम टैबलेट के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी कार में बैठकर ग्राहक का इंतजार कर रहा था। पुलिस ने उसके कब्जे से नकदी, मोबाइल फोन और कार समेत कुल ₹8.05 लाख का सामान जब्त कर एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की है।
दुर्ग-भिलाई। दुर्ग जिले की कुम्हारी थाना पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई करते हुए नशीली दवाओं की तस्करी में संलिप्त एक व्यक्ति को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी अहिवारा रोड स्थित रामपुर चौराहा के पास कार में बैठकर अल्प्राजोलम टैबलेट बेचने के लिए ग्राहक का इंतजार कर रहा था। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर वाहन को रोक लिया और तलाशी के दौरान बड़ी मात्रा में प्रतिबंधित दवाएं बरामद कीं।
गिरफ्तार आरोपी की पहचान ग्राम परसदा निवासी 43 वर्षीय मो. अनवर के रूप में हुई है। पुलिस को उसकी स्विफ्ट डिजायर कार से 20 पत्तों में रखी 1000 अल्प्राजोलम टैबलेट मिलीं। प्रत्येक पत्ते में 50-50 गोलियां थीं। जब्त टैबलेट का कुल वजन करीब 110 ग्राम बताया गया है, जिसे एनडीपीएस अधिनियम के तहत व्यावसायिक मात्रा की श्रेणी में माना गया है।
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपी के कब्जे से ₹1 लाख नकद, एक रियलमी मोबाइल फोन तथा स्विफ्ट डिजायर कार भी जब्त की। जब्त सामान की कुल अनुमानित कीमत ₹8.05 लाख आंकी गई है, जिसमें करीब ₹4 लाख की नशीली गोलियां, ₹3 लाख कीमत की कार, ₹1 लाख नकद और ₹5 हजार मूल्य का मोबाइल शामिल है।
पूछताछ में आरोपी नशीली गोलियों के संबंध में कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद पुलिस ने उसके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर गिरफ्तार किया। न्यायालय में पेशी के बाद आरोपी को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी कार में घूम-घूमकर नशीली गोलियों की सप्लाई करता था और ग्राहक मिलने पर उनकी बिक्री करता था। अब पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि अल्प्राजोलम की खेप उसे कहां से मिली, इसके पीछे कौन-कौन लोग जुड़े हैं और इसका नेटवर्क किन क्षेत्रों तक फैला हुआ है। मामले में अन्य संदिग्धों की भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है।