जंतर-मंतर लाठीचार्ज और राम मंदिर चढ़ावा विवाद पर जवाब की मांग; रिजिजू ने राहुल-प्रियंका से की लंबी बातचीत, हंगामे के बीच दोनों सदनों की कार्यवाही बाधित
नई दिल्ली (ए)। संसद के मानसून सत्र के दौरान बुधवार को विपक्ष ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। कांग्रेस नेता राहुल गांधी, कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और अन्य विपक्षी सांसदों ने गांधी प्रतिमा से मकर द्वार तक मार्च निकालते हुए नारेबाजी की और सरकार पर लोकतांत्रिक आवाज दबाने का आरोप लगाया। विपक्ष ने 20 जुलाई को जंतर-मंतर पर छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज और राम मंदिर के चढ़ावे से जुड़ी कथित अनियमितताओं के मुद्दे पर सरकार को घेरते हुए गृह मंत्री अमित शाह से संसद में जवाब देने की मांग की।
संसद के भीतर भी विपक्ष का विरोध जारी रहा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह के बयान की मांग को लेकर लोकसभा में कार्यवाही शुरू होते ही हंगामा शुरू हो गया, जिसके कारण सदन को कुछ ही क्षणों में दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित करना पड़ा। राज्यसभा में भी लगातार व्यवधान के चलते पहले 12 बजे तक और बाद में 2 बजे तक कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी।
इस बीच संसदीय गतिरोध दूर करने की कोशिश में केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के साथ करीब 50 मिनट तक बैठक की। बैठक में लंबित विधायी कार्य और सदन की कार्यवाही सुचारु रूप से चलाने के मुद्दों पर चर्चा हुई।
मानसून सत्र में अब तक सरकार द्वारा प्रस्तुत आठ विधेयकों में से तीन को संसद के दोनों सदनों से मंजूरी मिल चुकी है। सरकार शेष पांच विधेयकों को भी इसी सत्र में पारित कराने के लिए विपक्ष के साथ सहमति बनाने के प्रयास तेज कर रही है, जबकि विपक्ष अपने प्रमुख मुद्दों पर सरकार से स्पष्ट जवाब की मांग पर अड़ा हुआ है।