पुरुष हॉकी ने मलेशिया को 5-1 से हराकर दिलाया 21वां स्वर्ण; एक ही दिन क्रिकेट, कुश्ती, तीरंदाजी और गोल्फ में भी मिली गोल्डन सफलता
नई दिल्ली (A)। एशियन गेम्स 2026 में भारत ने शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रतियोगिता का समापन 21 स्वर्ण सहित कुल 85 पदकों के साथ किया। शनिवार को पुरुष हॉकी टीम ने फाइनल में मलेशिया को 5-1 से हराकर भारत के खाते में 21वां गोल्ड जोड़ा। इसके साथ ही भारत पदक तालिका में चौथे स्थान पर रहा। भारत ने 27 रजत और 37 कांस्य पदक भी जीते।
हॉकी में लगातार दूसरी बार चैंपियन
भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने फाइनल में मलेशिया को 5-1 से मात देकर एशियन गेम्स का खिताब बरकरार रखा। यह पहली बार है जब भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने एशियन गेम्स में लगातार दूसरी बार स्वर्ण पदक जीता है। इस जीत के साथ भारत ने हॉकी में अपना पांचवां एशियाई स्वर्ण हासिल किया और लॉस एंजेलिस 2028 ओलंपिक के लिए भी सीधे क्वालिफाई किया।
हरमनप्रीत ने दागे दो गोल
फाइनल में भारतीय कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने दो गोल किए। उन्होंने 11वें और 57वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर को गोल में बदला। जुगराज सिंह ने 23वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर से गोल किया, जबकि हार्दिक सिंह ने 42वें मिनट में पेनल्टी स्ट्रोक पर टीम के लिए तीसरा गोल किया। 54वें मिनट में शिलानंद लाकड़ा ने फील्ड गोल कर भारत की बढ़त मजबूत कर दी। मलेशिया की ओर से एकमात्र गोल शेलो सिल्वरियस ने 14वें मिनट में किया।
एक दिन में पांच स्वर्ण
भारत के लिए शनिवार पदकों के लिहाज से बेहद महत्वपूर्ण रहा। पुरुष हॉकी के अलावा क्रिकेट, कुश्ती, तीरंदाजी और गोल्फ में भी भारत ने स्वर्ण पदक हासिल किए। पुरुष क्रिकेट टीम ने फाइनल में पाकिस्तान को हराकर गोल्ड जीता, जबकि कुश्ती में अमन सहरावत ने स्वर्ण पदक अपने नाम किया। तीरंदाजी और गोल्फ में भी भारत को स्वर्ण मिले।
2023 के बाद दूसरा बड़ा प्रदर्शन
भारत ने 2023 के एशियन गेम्स में 28 स्वर्ण सहित 106 पदक जीते थे। 2026 में 21 स्वर्ण समेत 85 पदकों के साथ भारत का प्रदर्शन पदकों की संख्या के लिहाज से पिछले संस्करण से कम रहा, लेकिन 21 स्वर्ण के साथ भारत ने एक मजबूत अभियान पूरा किया।