10 अक्टूबर तक चलेगा टेक्नोलॉजी का बड़ा आयोजन, 100 देशों से 1.5 लाख से ज्यादा लोगों के पहुंचने की उम्मीद; 400 से अधिक कंपनियां दिखाएंगी तकनीक
नई दिल्ली (ए)। देश में भविष्य की डिजिटल तकनीकों की झलक आज से दिल्ली में देखने को मिलेगी। इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2026 का 10वां संस्करण यशोभूमि कन्वेंशन सेंटर में शुरू होगा। 10 अक्टूबर तक चलने वाले इस आयोजन में 6G, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सैटेलाइट इंटरनेट, रोबोटिक्स, क्वांटम कम्युनिकेशन और साइबर सिक्योरिटी जैसी तकनीकों पर खास फोकस रहेगा। आयोजन में 100 देशों के 1.5 लाख से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद है।
इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2026 की थीम ‘स्केल विदाउट बाउंड्रीज’ यानी ‘बिना रुकावट विस्तार’ रखी गई है। आयोजन में दुनिया की प्रमुख टेक कंपनियों के साथ टेलीकॉम ऑपरेटर, स्टार्टअप और तकनीकी विशेषज्ञ एक मंच पर आएंगे। इस बार उद्देश्य नई तकनीकों को केवल शोध और प्रयोगशालाओं तक सीमित रखने के बजाय उनके व्यावहारिक इस्तेमाल और आम लोगों तक पहुंच पर चर्चा करना है।
आयोजन में 500 से अधिक स्टार्टअप और 400 से ज्यादा कंपनियां अपने उत्पाद, तकनीक और नए प्रयोग प्रदर्शित करेंगी। यहां भविष्य के मोबाइल नेटवर्क से लेकर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित सेवाओं और सैटेलाइट कनेक्टिविटी तक कई तकनीकों का प्रदर्शन होगा।
चार हिस्सों में होगा आयोजन
सृष्टि खंड में भविष्य की तकनीकों और नवाचारों पर ध्यान दिया जाएगा। इसमें 6G, AI आधारित टेलीकॉम नेटवर्क, क्वांटम कम्युनिकेशन, सेमीकंडक्टर, AI चिप और क्लाउड कंप्यूटिंग जैसी तकनीकों को प्रदर्शित किया जाएगा।
संवर्धन खंड में तकनीक के व्यावसायिक इस्तेमाल और नए कारोबार के अवसरों पर चर्चा होगी। 5G से कमाई के नए मॉडल, मोबाइल फोन तक सीधे सैटेलाइट इंटरनेट पहुंचाने की तकनीक, टेलीकॉम उपकरण निर्माण, रोबोटिक्स और औद्योगिक ऑटोमेशन प्रमुख विषय होंगे।
सशक्त खंड में डिजिटल तकनीक के विस्तार के साथ पर्यावरण संरक्षण पर जोर रहेगा। ग्रीन टेलीकॉम नेटवर्क, ई-कचरे के प्रबंधन, ग्रीन एनर्जी के इस्तेमाल और टिकाऊ डिजिटल ढांचे पर विशेषज्ञ चर्चा करेंगे।
वहीं सुरक्षा खंड में साइबर सुरक्षा और डिजिटल भरोसे से जुड़े मुद्दों पर मंथन होगा। साइबर हमलों से बचाव, स्पैम और ऑनलाइन धोखाधड़ी रोकने, डेटा प्राइवेसी, AI के नियमन और समुद्र के नीचे बिछी इंटरनेट केबल की सुरक्षा जैसे विषय चर्चा में रहेंगे।