महतारी वंदन योजना की 32वीं किस्त जारी, विकास कार्यों का भूमिपूजन-लोकार्पण; कांग्रेस पर बरसे मुख्यमंत्री, बोले- जनता का भरोसा खो चुकी पार्टी
दुर्ग। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय गुरुवार को दुर्ग पहुंचे, जहां रविशंकर स्टेडियम में आयोजित सेवा सेतु कार्यक्रम में उन्होंने जिलेवासियों को विभिन्न विकास कार्यों की सौगात दी। मुख्यमंत्री ने इस दौरान विकास कार्यों का भूमिपूजन और लोकार्पण किया। साथ ही विभिन्न शासकीय योजनाओं के हितग्राहियों को सामग्री एवं सहायता राशि का वितरण किया।
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण महतारी वंदन योजना की 32वीं किस्त का अंतरण रहा। मुख्यमंत्री ने दुर्ग से प्रदेशभर की पात्र महिला हितग्राहियों के बैंक खातों में डीबीटी के माध्यम से राशि जारी की। विभागीय जानकारी के मुताबिक इस किस्त के तहत 67 लाख 38 हजार से अधिक महिलाओं के खातों में करीब 632.40 करोड़ रुपए अंतरित किए गए।

कांग्रेस पर साधा निशाना
कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से चर्चा में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कांग्रेस देश की जनता का विश्वास खो चुकी है। एक समय देश में कांग्रेस का एकछत्र प्रभाव था, लेकिन कथनी और करनी में अंतर के कारण पार्टी लगातार सिमटती जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जिन राज्यों में कांग्रेस की सरकारें हैं, वहां भी पार्टी को चुनाव में हार का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि हार के बाद कांग्रेस कभी ईवीएम तो कभी चुनाव आयोग को जिम्मेदार ठहराती है। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि जब कांग्रेस के सांसद चुनाव जीतते हैं, तब ईवीएम उन्हें अच्छी लगती है। एसआईआर के मुद्दे पर भी उन्होंने विपक्ष को घेरा और कहा कि कांग्रेस जनता का विश्वास खो चुकी है।
हितग्राहियों को योजनाओं का लाभ
सेवा सेतु कार्यक्रम में विभिन्न विभागों की ओर से स्टॉल लगाए गए थे। मुख्यमंत्री ने इन स्टॉलों का अवलोकन किया तथा अलग-अलग सरकारी योजनाओं से लाभान्वित हितग्राहियों को सामग्री और सहायता राशि प्रदान की। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
दुर्ग को मिली विकास कार्यों की सौगात
मुख्यमंत्री के दुर्ग प्रवास के दौरान जिले के लिए कई विकास कार्यों की घोषणाएं भी की गईं। रिसाली में क्लीन सिटी की घोषणा के साथ दो स्थानों पर सब स्टेशन और वाटर ट्रीटमेंट प्लांट से जुड़े कार्यों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम की तैयारियों को लेकर बुधवार को प्रशासनिक अधिकारियों ने रविशंकर स्टेडियम का निरीक्षण किया था। अधिकारियों ने मंच, बैठक व्यवस्था, विभागीय स्टॉल और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लेकर तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए थे। स्टेडियम परिसर में मानव निर्मित रंगोली आकर्षण का केंद्र रही। बैडमिंटन कोर्ट में भी रंगोली प्रदर्शन की व्यवस्था की गई थी।