हिट एंड रन में छात्रा महिमा साहू की मौत के मामले में पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल उठ रहे हैं। परिजनों का कहना है कि वाहन मालिक रजत सिंह ने जांच में सहयोग किया, लेकिन अब उसी को फंसाया जा रहा है। पुलिस ने इस दावे को खारिज किया है।
राजनांदगांव। महिमा साहू हिट एंड रन मामले में लगातार नए मोड़ सामने आ रहे हैं। हादसे के बाद वाहन मालिक रजत सिंह ने खुद को आरोपी बताते हुए पुलिस से सहयोग करने की बात कही थी। उसके परिजनों का कहना है कि उसने जांच में पूरी मदद की, लेकिन अब पुलिस ने ही उसे फंसा दिया।

वहीं, पुलिस का दावा है कि रजत सिंह ने नाबालिग ड्राइवर को बचाने के लिए फर्जी ड्राइवर पेश किया था। इसी वजह से उसे भी आरोपी बनाया गया। घटना की सच्चाई सामने आने के बाद आरोपियों पर धारा 106, 61(2), 238 बीएनएस और 199(क) मोटरयान अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है।
थार वाहन (सीजी 04 क्यूसी 8007) जब्त कर लिया गया है। इस मामले की जांच अब और गहराई से की जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इस तरह के हिट एंड रन मामलों में अक्सर सच्चाई को छिपाने की कोशिश होती है, लेकिन महिमा जैसी मेधावी छात्रा की मौत ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है।