271 नक्सलियों के समर्पण से संगठन में खलबली; शीर्ष कमांडरों पर आपत्तिजनक भाषा, दफन करने तक की धमकी
महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ सीमा पर बड़ी संख्या में नक्सलियों के सरेंडर के बाद संगठन में भारी बेचैनी देखी जा रही है। इसी गुस्से में नक्सलियों की उत्तर तालमेल कमेटी ने 11 पन्नों की बुकलेट जारी कर शीर्ष स्तर के पूर्व कमांडरों वेणुगोपाल उर्फ सोनू और सतीश उर्फ रूपेश को ‘गद्दार’ बताया है तथा उन्हें लेकर बेहद आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया है।
जगदलपुर। नक्सली संगठन बड़े पैमाने पर हुए आत्मसमर्पण से हताश दिखाई दे रहा है। हाल ही में इसकी उत्तर तालमेल कमेटी (NCC) ने 11 पन्नों का एक बुकलेट जारी किया है, जिसमें सरेंडर कर चुके वरिष्ठ नक्सली वेणुगोपाल राव उर्फ सोनू उर्फ भूपति और सतीश उर्फ रूपेश पर उग्र शब्दों में आरोप लगाए गए हैं। संगठन ने दोनों को ‘गद्दार’ तक करार देते हुए अपमानजनक शब्दावली का प्रयोग किया है।
बुकलेट में नक्सलियों ने लिखा है कि “गद्दार वेणुगोपाल को मिट्टी में गाड़ दो” और दावा किया है कि समर्पण करने वालों ने संगठन की पीठ में छुरा घोंपा है। सोनू की मुस्कुराती तस्वीर पर भी तीखी प्रतिक्रिया देते हुए नक्सली इसे “हार से उपजी कड़वाहट” बता रहे हैं।
दो दिनों में 271 नक्सलियों ने किया था आत्मसमर्पण
अक्टूबर में दो दिन की अवधि में नक्सली संगठन को सबसे बड़ा झटका लगा था, जब पोलित ब्यूरो मेंबर मोजुल्ला वेणुगोपाल उर्फ भूपति उर्फ सोनू दादा ने महाराष्ट्र के गढ़चिरौली में 60 नक्सलियों के साथ हथियार डाल दिए थे। भूपति दंडकारण्य इलाके का वरिष्ठ कैडर था और छत्तीसगढ़, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और महाराष्ट्र में मोस्ट वांटेड सूची में शामिल था। इस पर करीब 6.5 करोड़ रुपए का इनाम घोषित था। समर्पण के दौरान गढ़चिरौली पुलिस को 54 हथियार, जिनमें 7 AK-47 और 9 INSAS राइफलें, शामिल थीं, सौंपे गए।
रूपेश ने बस्तर में सरेंडर किया था
भूपति के सरेंडर के तुरंत बाद बस्तर में नक्सली कमांडर रूपेश भी करीब 150 साथियों के साथ जंगल से निकलकर आत्मसमर्पण करने पहुंचा। इससे पहले कांकेर में 60 से 70 नक्सली अलग-अलग दिनों में आत्मसमर्पण कर चुके थे। जगदलपुर में भी पुलिस ने 210 नक्सलियों को एक साथ सरेंडर करवाकर संगठन की रीढ़ पर बड़ा प्रहार किया था।
नक्सली दस्तों में मचा हड़कंप
लगातार बड़ी संख्या में हो रहे समर्पण से नक्सली संगठन की अंदरूनी स्थिति चरमरा गई है। इसी बेचैनी को उतारने के लिए अब वह अपने ही पुराने साथियों को निशाना बनाते हुए बुकलेट के माध्यम से धमकी और बदनाम करने की रणनीति अपना रहा है।