महिला नक्सली भी शामिल, शव व हथियार बरामद; मारे गए नक्सलियों में छत्तीसगढ़ के कैडर के सदस्य होने की आशंका
छत्तीसगढ़ से सटे ओडिशा के कंधमाल जिले में सुरक्षाबलों ने नक्सलियों के खिलाफ बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ में 5 नक्सलियों को मार गिराया गया है। घटनास्थल से हथियारों के साथ शव बरामद किए गए हैं। मृत नक्सलियों में दो महिलाएं शामिल हैं और कुछ नक्सलियों का संबंध छत्तीसगढ़ से बताया जा रहा है।
जगदलपुर। ओडिशा के कंधमाल जिले के घने जंगलों में पुलिस और नक्सलियों के बीच भीषण मुठभेड़ हुई है। इस मुठभेड़ में सुरक्षाबलों ने 5 नक्सलियों को ढेर कर दिया। मारे गए नक्सलियों के शवों के साथ हथियार भी बरामद किए गए हैं। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मृत नक्सलियों में दो महिला नक्सली शामिल हैं।
सूत्रों के मुताबिक, मारे गए नक्सलियों में कुछ कैडर छत्तीसगढ़ के बस्तर क्षेत्र से जुड़े हो सकते हैं। मुठभेड़ के बाद इलाके में सघन सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है और सुरक्षा एजेंसियां नक्सली नेटवर्क की विस्तृत जांच में जुटी हैं।
यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है, जब कुछ दिन पहले ही छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा–बीजापुर बॉर्डर पर सुरक्षाबलों ने 18 नक्सलियों को ढेर किया था। उस मुठभेड़ में डिविजनल कमेटी मेंबर (DVCM) वेल्ला मोडियम भी मारा गया था। मौके से LMG, इंसास और SLR जैसे अत्याधुनिक हथियार बरामद किए गए थे।
दंतेवाड़ा–बीजापुर एनकाउंटर में DRG के 3 जवान शहीद हुए थे, जबकि 2 जवान घायल हुए थे। शहीद जवानों में हेड कॉन्स्टेबल मोनू वडारी, हेड कॉन्स्टेबल रमेश सोड़ी और कॉन्स्टेबल दुकारू गोंडे शामिल थे। तीनों शहीदों को बीजापुर पुलिस लाइन में पूरे सम्मान के साथ श्रद्धांजलि दी गई थी।
हिड़मा के खात्मे के बाद तेज हुई कार्रवाई
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने नक्सली कमांडर हिड़मा के खात्मे के लिए 30 नवंबर तक की समयसीमा तय की थी। इसके बाद आंध्र प्रदेश, छत्तीसगढ़ और तेलंगाना की सीमा पर स्थित मारेडमिल्ली के घने जंगलों में बड़े पैमाने पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। इसी अभियान के तहत तय समयसीमा से 12 दिन पहले हिड़मा को मार गिराया गया। हिड़मा पिछले दो दशकों में हुए 26 से अधिक बड़े नक्सली हमलों का मास्टरमाइंड रहा था। इनमें 2010 का दंतेवाड़ा हमला शामिल है, जिसमें 76 सीआरपीएफ जवान शहीद हुए थे। इसके अलावा झीरम घाटी हमला (2013) और सुकमा–बीजापुर हमला (2021) भी उसके नाम दर्ज थे।