छत्तीसगढ़ में खुलेंगे 9 नए सरकारी नर्सिंग कॉलेज, 78 करोड़ रुपये का भारी-भरकम फंड जारी; कम फीस में पढ़ाई का सपना होगा साकार
रायपुर (ए) : नर्सिंग और चिकित्सा क्षेत्र में करियर बनाने का सपना देख रही छात्राओं के लिए नेशनल मेडिकल कमीशन (NMC) ने एक ऐतिहासिक खुशखबरी दी है। नए नियमों के मुताबिक, अब देश और प्रदेश में जहाँ भी नया सरकारी मेडिकल कॉलेज खुलेगा, वहां नर्सिंग कॉलेज खोलना अनिवार्य (Mandatory) कर दिया गया है। इस फैसले का सीधा लाभ छत्तीसगढ़ को मिलने वाला है, जिससे प्रदेश में न केवल सरकारी संस्थानों की संख्या बढ़ेगी, बल्कि नर्सिंग की सीटों में भी जबरदस्त इजाफा होगा। अब मेडिकल और नर्सिंग की पढ़ाई एक ही कैंपस के भीतर संभव हो सकेगी।
छत्तीसगढ़ में 5 नए मेडिकल और 9 नए नर्सिंग कॉलेजों का रास्ता साफ
प्रदेश सरकार ने इस दिशा में तेजी से कदम बढ़ाते हुए नर्सिंग कॉलेजों के भवन निर्माण के लिए ₹78.15 करोड़ की भारी राशि स्वीकृत कर दी है। राज्य के कवर्धा, मनेंद्रगढ़, जांजगीर-चांपा, गीदम और जशपुर में नए सरकारी मेडिकल कॉलेज खोले जा रहे हैं, जिनके साथ अब अनिवार्य रूप से नर्सिंग कॉलेज भी संचालित होंगे। इसके अतिरिक्त दंतेवाड़ा, बैकुंठपुर, बीजापुर, बलरामपुर और नवा रायपुर जैसे क्षेत्रों में भी नए नर्सिंग कॉलेजों के भवनों का निर्माण युद्ध स्तर पर शुरू होगा।
प्राइवेट कॉलेजों की भारी फीस से मिलेगी अब मुक्ति
वर्तमान में छत्तीसगढ़ में कुल 141 नर्सिंग कॉलेज संचालित हैं, लेकिन सबसे बड़ी चुनौती यह थी कि इनमें से सरकारी कॉलेज केवल 8 ही हैं। सरकारी कॉलेजों की संख्या कम होने की वजह से सीटों के लिए भारी मारामारी रहती थी और हजारों छात्राओं को मजबूरन निजी कॉलेजों में लाखों रुपये की फीस भरनी पड़ती थी। अब सरकारी कॉलेजों की संख्या बढ़ने से गरीब और मध्यम वर्ग की छात्राओं को बेहद कम फीस में विश्वस्तरीय शिक्षा और ट्रेनिंग मिल सकेगी, जो प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं के लिए भी एक मील का पत्थर साबित होगा।
कांकेर, महासमुंद और कोरबा में भी जल्द शुरू होगी प्रक्रिया
चिकित्सा शिक्षा विभाग ने कांकेर, महासमुंद और कोरबा में नए नर्सिंग कॉलेज शुरू करने का प्रस्ताव शासन को भेज दिया है। नियम के मुताबिक, कांकेर मेडिकल कॉलेज को खुले 4 साल और महासमुंद-कोरबा को 3 साल हो चुके हैं, लेकिन यहाँ अब तक नर्सिंग कॉलेज नहीं थे। NMC के नए मापदंडों के लागू होने के बाद अब इन जिलों में भी नर्सिंग कॉलेज खोलना विभाग की प्राथमिकता बन गया है। शासन से हरी झंडी मिलते ही इन जिलों में भी प्रवेश प्रक्रिया और स्टाफ की नियुक्ति का काम शुरू कर दिया जाएगा।