बकुलाही स्थित प्लांट में सुबह हुआ जोरदार धमाका; 5 घायलों की हालत बेहद नाजुक, आसमान में छाया धुएं का गुबार, रेस्क्यू ऑपरेशन जारी
बलौदाबाजार (ए): छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार जिले से एक हृदयविदारक खबर सामने आ रही है। भाटापारा थाना क्षेत्र के बकुलाही स्थित एक स्पंज आयरन प्लांट में आज सुबह भीषण ब्लास्ट हो गया। इस दर्दनाक हादसे में अब तक 6 मजदूरों की जान जा चुकी है, जबकि 5 लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं। धमाका इतना जोरदार था कि प्लांट की कोल भट्ठी के परखच्चे उड़ गए और दूर-दूर तक धुएं का काला गुबार देखा गया। मौके पर पुलिस और राहत दल की टीमें पहुंच चुकी हैं और मलबे में दबे लोगों को निकालने का काम युद्ध स्तर पर जारी है।
सुबह का वक्त और जोरदार धमाका, दहल उठा इलाका
हादसा आज सुबह उस वक्त हुआ जब प्लांट में काम पूरी रफ्तार पर था। अचानक कोल भट्ठी में जबरदस्त विस्फोट हुआ, जिससे पूरी इमारत हिल गई। धमाके के बाद वहां मलबे का ढेर लग गया, जिसमें कई मजदूर दब गए। शुरुआती जांच में ब्लास्ट की वजह तकनीकी खराबी या भट्ठी के भीतर अत्यधिक दबाव (Pressure) बनना बताया जा रहा है। रेस्क्यू टीम गैस कटर और क्रेन की मदद से मलबा हटाने की कोशिश कर रही है।
घायलों की हालत नाजुक, अस्पताल में मची चीख-पुकार
हादसे में घायल 5 मजदूरों की पहचान मोताज अंसारी, सराफत अंसारी, साबिर अंसारी, कल्पू भुइया और रामू भुइया के रूप में हुई है। ये सभी कारपेंटर और हेल्पर के तौर पर प्लांट में तैनात थे। सभी घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। डॉक्टरों की टीम उन्हें बचाने की जद्दोजहद में जुटी है। वहीं, मृतकों की शिनाख्त की प्रक्रिया अभी जारी है।

मलबे में और भी जिंदगियां फंसी होने की आशंका
घटनास्थल पर मौजूद अधिकारियों के मुताबिक, मलबे का ढेर काफी बड़ा है और अभी भी कुछ और मजदूरों के फंसे होने का अंदेशा है। पुलिस प्रशासन और स्थानीय लोग बचाव कार्य में सहयोग कर रहे हैं। प्लांट के भीतर धुआं और गर्मी होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। मौके पर एंबुलेंस और फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां तैनात हैं।
सरकार ने लिया संज्ञान, जांच और मुआवजे का ऐलान
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने इस भयावह हादसे पर गहरा दुख व्यक्त किया है। सरकार ने घटना की उच्च स्तरीय जांच के आदेश दे दिए हैं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि राहत कार्य में कोई कमी न आए और घायलों को बेहतर से बेहतर इलाज मुहैया कराया जाए। साथ ही, मृतकों के परिजनों के लिए उचित मुआवजे की घोषणा भी कर दी गई है।