कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में होगी दूसरे दौर की बातचीत, प्रदर्शन के बीच दिल्ली के 17 मेट्रो स्टेशन बंद; पीएम के बयान पर भी साधा निशाना
पेपर लीक विवाद को लेकर केंद्र सरकार और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के बीच जारी गतिरोध के बीच शुक्रवार को नई दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में दूसरे दौर की बातचीत होगी। एक ओर सरकार समाधान निकालने की कोशिश में जुटी है, वहीं CJP ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराते हुए आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया है।
नई दिल्ली (ए)। पेपर लीक मामले को लेकर केंद्र सरकार और कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के बीच जारी टकराव के बीच शुक्रवार को नई दिल्ली स्थित कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में दूसरे दौर की वार्ता होगी। इससे पहले 20 जुलाई को केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा के आवास पर हुई बैठक किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सकी थी। इस बार दोनों पक्ष तटस्थ स्थान पर आमने-सामने बैठकर समाधान तलाशने का प्रयास करेंगे।
बैठक से पहले दोनों पक्षों के बीच बयानबाजी भी तेज हो गई है। सरकार का कहना है कि उसने चार बार CJP को बातचीत का न्योता दिया, लेकिन संगठन वार्ता के लिए नहीं पहुंचा। वहीं CJP का आरोप है कि वह किसी मंत्री के आवास पर नहीं, बल्कि निष्पक्ष स्थान पर ही बातचीत करेगा।
PM के वीडियो पर CJP का हमला
CJP के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने दावा किया कि आंदोलन के बढ़ते दबाव के कारण प्रधानमंत्री को देर रात पेपर लीक पर वीडियो संदेश जारी करना पड़ा। उन्होंने कहा कि शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तक आंदोलन जारी रहेगा। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री ने गुरुवार देर रात जारी वीडियो संदेश में पेपर लीक पर सख्त कानून लाने की बात कही थी।
वांगचुक ने खत्म किया अनशन
इधर, सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने अपना 26 दिन का अनशन समाप्त कर दिया। केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और जितेंद्र सिंह देर रात मेदांता अस्पताल पहुंचे, जहां उन्होंने वांगचुक को जूस पिलाकर उनका अनशन तुड़वाया।
दिल्ली में सुरक्षा कड़ी, 17 मेट्रो स्टेशन बंद
CJP के देशव्यापी प्रदर्शन के आह्वान को देखते हुए राजधानी दिल्ली में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। एहतियातन राजीव चौक और लोक कल्याण मार्ग सहित 17 मेट्रो स्टेशनों को अस्थायी रूप से बंद किया गया है। गुरुवार देर रात संसद मार्ग पर प्रदर्शनकारियों द्वारा बैरिकेड्स तोड़ने की घटना के बाद पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। आज देशभर में प्रस्तावित प्रदर्शन को देखते हुए कई राज्यों में भी अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए गए हैं।