भिलाई। जामुल थाना क्षेत्र में एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने पुलिस को असमंजस में डाल दिया है। दो महिलाओं और उनके परिवारों के बीच मारपीट के मामले में एफआईआर दर्ज होने के बाद एक महिला ने गैंगरेप का आरोप लगा दिया। इस गंभीर आरोप के बाद पुलिस ने तुरंत जांच शुरू की, लेकिन मोहल्ले के लोगों के बयान ने इस दावे को झूठा करार दिया।
थाना प्रभारी कपिल देव पांडेय ने बताया कि घटना 27 फरवरी 2025 की दोपहर की है। जामुल के आम्रपाली अपार्टमेंट के पीछे बांबे आवास में रहने वाली चंपा विश्वकर्मा, पिंकी, रजनी और रवि विश्वकर्मा का एक महिला और उसके बेटे के साथ झगड़ा हुआ था। दोनों पक्षों ने मारपीट की शिकायत दर्ज कराई, जिसके आधार पर काउंटर केस दर्ज किया गया था।
एफआईआर के बाद महिला ने अस्पताल में भर्ती होकर गैंगरेप का आरोप लगाया। जब यह मामला पुलिस के संज्ञान में आया, तो पूरे मोहल्ले के बयान दर्ज किए गए। स्थानीय लोगों ने इस आरोप को बेबुनियाद बताया और कहा कि अगर महिला के साथ ऐसा हुआ होता, तो वह शुरुआत में ही इसकी शिकायत दर्ज कराती।
झूठे फंसाने की धमकी: पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि झगड़े के दौरान महिला ने बार-बार दूसरे पक्ष को रेप केस में फंसाने की धमकी दी थी। थाना प्रभारी ने बताया कि महिला ने एफआईआर के वक्त रेप का जिक्र नहीं किया, लेकिन बाद में झूठा आरोप लगाकर दूसरे पक्ष को फंसाने की कोशिश की। पुलिस इस मामले में गंभीरता से जांच कर रही है और झूठी शिकायत की स्थिति में कानूनी कार्रवाई करने पर विचार कर रही है।