फुफेरी और ममेरी बहनों ने रची थी चोरी की साजिश, पुलिस ने पति समेत चार को दबोचा; कार्रवाई पर उठे सवाल
बिलासपुर में तीन महिला रिश्तेदारों ने मिलकर ज्वेलरी शॉप से 26 लाख रुपये के गहनों की बड़ी चोरी को अंजाम दिया। तीनों बहनें खरीदारी के बहाने दुकान में जाती थीं और सुनियोजित तरीके से कीमती गहने गायब कर देती थीं। ये सिलसिला करीब तीन साल तक चलता रहा, लेकिन हाल ही में दुकान संचालक की सतर्कता से यह चोरी बेनकाब हो गई। पुलिस ने चार लोगों को गिरफ्तार किया है, हालांकि मामले में पुलिस की कार्रवाई पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
बिलासपुर। बिलासपुर जिले के बिल्हा क्षेत्र में तीन बहनों ने मिलकर एक ज्वेलरी शॉप से करीब 26.83 लाख रुपये की चोरी की है। ये महिलाएं नियमित रूप से कार में सवार होकर शिवशंकर ज्वेलर्स पहुंचतीं और खरीदारी के दौरान मौका देखकर सोने-चांदी के आभूषण चुरा लेतीं।
दुकान संचालक मनोहर जायसवाल को संदेह हुआ जब बार-बार स्टॉक में गहने कम निकलने लगे। सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर चोरी की पुष्टि हुई। 6 अप्रैल को एक बार फिर जब संजना साहू (25) दुकान पर पहुंची, तो दुकान संचालक ने उसे पुलिस के हवाले कर दिया।

पूछताछ में संजना ने अपनी बहनों सीमा साहू (30) और अनिता साहू (25) के साथ मिलकर चोरी की बात कबूली। पुलिस ने 230 ग्राम सोना, 1.5 किलो चांदी और 4.47 लाख रुपये नकद बरामद किए हैं। संजना का पति कोमल साहू (26) भी चोरी में शामिल था और उसे भी गिरफ्तार कर लिया गया है।
डीएसपी अनिता प्रभा मिंज के अनुसार, चोरी किए गए गहनों को आरोपी महिलाओं के पति बाजार में बेचते थे। पुलिस ने बताया कि चोरी का माल अलग-अलग दुकानों पर बेचा गया, और अभी भी कुछ आरोपी फरार हैं।
हालांकि, इस मामले में केवल चोरों की गिरफ्तारी हुई है, जबकि चोरी के गहने खरीदने वाले ज्वेलर्स या दलालों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं की गई है। इससे पुलिस की निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं और स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गया है।