छावनी क्षेत्र, केएलसी खुर्सीपार और जोन-3 में चलाया गया विशेष अभियान
154 लोगों के फिंगरप्रिंट लेकर बनाया जा रहा डाटा बेस
पहचान छिपाकर रह रहे व्यक्तियों की सघन पड़ताल
भिलाई के विभिन्न क्षेत्रों में अवैध रूप से रह रहे अप्रवासी नागरिकों एवं बिना सूचना किराएदारों के विरुद्ध पुलिस ने बड़ा अभियान चलाया। दस्तावेज जांच में संदिग्ध पाए गए 154 व्यक्तियों के फिंगरप्रिंट लेकर उनका डाटाबेस तैयार किया जा रहा है। यह कार्यवाही सुरक्षा की दृष्टि से अहम मानी जा रही है।
भिलाई। दिनांक 10 मई 2025 को प्रातः थाना छावनी अंतर्गत शारदा पारा, केएलसी खुर्सीपार एवं जोन-3 खुर्सीपार क्षेत्रों में पुलिस द्वारा व्यापक जांच अभियान चलाया गया। इस विशेष अभियान का उद्देश्य उन किरायेदारों और व्यक्तियों की पहचान करना था, जो बिना स्थानीय थाने में सूचना दिए निवास कर रहे हैं।

शारदापारा छावनी में नगर पुलिस अधीक्षक भिलाई नगर श्री सत्य प्रकाश तिवारी के नेतृत्व में लगभग 200 व्यक्तियों की जांच की गई। दस्तावेजों की जांच के दौरान यह सामने आया कि कई लोग पश्चिम बंगाल, बिहार के किशनगंज और झारखंड जैसे बाहरी राज्यों से आकर यहां निवास कर रहे हैं। इस क्षेत्र से 70 लोगों के फिंगरप्रिंट लिए गए।

केएलसी खुर्सीपार में नगर पुलिस अधीक्षक श्री हरीश पाटिल तथा जोन-3 खुर्सीपार में उप पुलिस अधीक्षक श्री हेमप्रकाश नायक के नेतृत्व में 389 नागरिकों की पहचान की गई, जिनके दस्तावेजों की बारीकी से जांच हुई। इसमें 74 व्यक्तियों के फिंगरप्रिंट लेकर उनके विवरण दर्ज किए गए।
इस अभियान के अंतर्गत कुल 589 व्यक्तियों की जांच कर 154 संदिग्ध व्यक्तियों के फिंगरप्रिंट लिए गए। इनमें वे लोग शामिल हैं जो पहचान छिपाकर किराए के मकानों में रह रहे हैं और औद्योगिक क्षेत्रों या इस्पात संयंत्र में ठेका श्रमिक के रूप में कार्यरत हैं।
दुर्ग पुलिस ने आमजन से अनुरोध किया है कि वे अपने किरायेदारों की पूरी जानकारी संबंधित थाने/चौकी में किरायेदार सूचना फॉर्म के माध्यम से अनिवार्य रूप से जमा करें। यदि किसी किरायेदार की संलिप्तता किसी आपराधिक गतिविधि में पाई जाती है या जानकारी नहीं दी गई तो मकान मालिक के विरुद्ध भी विधिसम्मत कार्यवाही की जाएगी।