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घर बैठे फाइल करें ITR, अब नहीं है किसी CA की जरूरत
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समय से रिटर्न भरने पर मिलते हैं कई फायदे
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टैक्स का हिसाब रखना जरूरी, नहीं तो लग सकता है जुर्माना
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वीजा, लोन और सब्सिडी में भी ITR बनता है मददगार
इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फाइल करना अब पहले जैसा जटिल काम नहीं रहा। डिजिटलीकरण के दौर में आप घर बैठे अपने मोबाइल या लैपटॉप से खुद ही ITR फाइल कर सकते हैं। यह केवल टैक्स चुकाने का तरीका नहीं, बल्कि आपकी फाइनेंशियल सेहत का प्रमाण भी है, जो आपको वीजा, लोन और सरकारी सुविधाओं में मदद करता है। तो जुलाई तक क्यों रुकें? अभी से जानिए — ITR फाइल करने का आसान तरीका।
❓ इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) क्या है?
ITR एक वित्तीय दस्तावेज है, जिसमें आप सरकार को अपनी सालभर की कमाई और उस पर चुकाए गए टैक्स का विवरण देते हैं। इसके जरिए यह तय होता है कि आपको सरकार को और टैक्स देना है या टैक्स रिफंड मिलना है।
❗ ITR फाइल करना क्यों जरूरी है?
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यह केवल टैक्स भरने का जरिया नहीं है, बल्कि आपकी फाइनेंशियल क्रेडिबिलिटी का प्रमाण भी होता है।
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लोन, वीजा या क्रेडिट कार्ड के लिए अप्लाई करते समय ITR आपकी आय का प्रमाणपत्र बनता है।
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कई सरकारी योजनाओं और सब्सिडी का लाभ लेने में भी यह जरूरी होता है।
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अगर आपकी आय टैक्सेबल लिमिट से ज्यादा है और आप ITR फाइल नहीं करते, तो जुर्माना या कानूनी कार्रवाई हो सकती है।
किसे ITR फाइल करना चाहिए?
अगर आपकी सालाना आय सरकार द्वारा निर्धारित बेसिक टैक्स छूट सीमा से अधिक है, तो आपको ITR फाइल करना चाहिए। उदाहरण के लिए:
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सामान्य व्यक्ति के लिए सीमा ₹2.5 लाख
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वरिष्ठ नागरिक (60-80 वर्ष) के लिए ₹3 लाख
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अति वरिष्ठ नागरिक (80 वर्ष से अधिक) के लिए ₹5 लाख
कैसे करें ITR फाइल: स्टेप-बाय-स्टेप गाइड
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www.incometax.gov.in वेबसाइट पर जाएं
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अपना अकाउंट लॉगइन करें (या नया अकाउंट बनाएं)
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‘File Income Tax Return’ विकल्प चुनें
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असेसमेंट ईयर और ITR फॉर्म (ITR-1/ITR-2 आदि) सिलेक्ट करें
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मांगी गई जानकारी भरें — आय, टैक्स डिडक्शन, बैंक डिटेल्स आदि
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डिटेल्स की पुष्टि करें और फाइल सबमिट करें
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आधार OTP या डिजिटल सिग्नेचर से वेरिफाई करें
सावधानी रखें:
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जानकारी सही-सही भरें, गलत जानकारी पर पेनल्टी लग सकती है
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डेडलाइन से पहले ITR फाइल करें (31 जुलाई आमतौर पर अंतिम तारीख होती है)
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फाइलिंग के बाद ई-वेरिफिकेशन जरूर करें